गर्मियों में तापमान अत्यधिक बढ़ जाने पर लू लगने का खतरा बढ़ जाता है। लू लगने से सिरदर्द, चक्कर, तेज बुखार, उल्टी और बेहोशी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इससे बचाव के लिए आपको सतर्क रहना और कुछ आवश्यक सावधानियां बरतना जरूरी है।
गर्मी में ढीले, हल्के और सूती कपड़े पहनना सबसे बेहतर होता है। ऐसे कपड़े पसीना आसानी से सोख लेते हैं और शरीर को ठंडा रखते हैं। सफेद या हल्के रंग के कपड़े सूरज की किरणों को कम अवशोषित करते हैं, जिससे शरीर पर गर्मी का असर कम पड़ता है। सिर पर टोपी, गमछा या छाता लेकर निकलें ताकि धूप सीधे सिर पर न पड़े।
गर्मी में पसीने के साथ शरीर से बहुत सारा पानी और नमक निकल जाता है, जिससे डिहाइड्रेशन और लू लगने का खतरा होता है। इससे बचने के लिए नियमित रूप से पानी पीते रहें, भले ही प्यास न लगी हो। नींबू पानी, शिकंजी, छाछ, नारियल पानी, बेल का शरबत, सत्तू आदि जैसे प्राकृतिक पेय शरीर को ठंडक प्रदान करते हैं और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी को पूरा करते हैं।
तेज धूप से बचाव: दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच धूप में निकलने से बचें क्योंकि इस समय सूरज की किरणें सबसे तीव्र होती हैं। यदि बाहर जाना अनिवार्य हो तो चेहरे को ढकें, आंखों पर चश्मा लगाएं और शरीर को अच्छी तरह ढक कर रखें।
खान-पान में सावधानी रखें: गर्मी में हल्का, सुपाच्य और तरल पदार्थों वाला भोजन करें। अत्यधिक तली-भुनी, मसालेदार चीजें खाने से शरीर में गर्मी बढ़ सकती है। मौसमी फलों जैसे तरबूज, खीरा, ककड़ी आदि का सेवन अधिक करें।
वहीं चिकित्सकों का कहना है कि गर्मी में लू से बचने के लिए संयमित जीवनशैली, पर्याप्त पानी का सेवन और उपयुक्त वस्त्रों का चयन आवश्यक है। थोड़ी सी सावधानी बरतकर हम लू जैसी गंभीर समस्या से खुद को सुरक्षित रख सकते हैं।
