Headline
G7 Summit France
G7 Summit France : मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच फ्रांस में जुटेंगे G7 नेता, विशेष बैठक पर दुनिया की नजरें
Ayodhya Ram Mandir
Ayodhya Ram Mandir : राम मंदिर चंदा विवाद में अविमुक्तेश्वरानंद का तंज, चंपत राय पर साधा निशाना
POK Protest
POK Protest : निहत्थे प्रदर्शनकारियों पर चली गोलियां, POK में हिंसा के बीच 16 की मौत
Jahangir Khan Parade
Jahangir Khan Parade : जहां कभी था जहांगीर खान का दबदबा, वहीं हाफ पैंट में उतरी पुलिस, हर कोई हैरान
Bihar MLC Election
Bihar MLC Election : बिहार विधान परिषद की 10 सीटों पर निर्विरोध चुनाव, NDA का दबदबा कायम
Who is Kalyan Banerjee
Who is Kalyan Banerjee : कौन हैं कल्याण बनर्जी, जिन्होंने TMC में बढ़ाई हलचल?
MTech Scholarship
MTech Scholarship : एमटेक छात्रों को हर महीने मिलेंगे 12,400 रुपये, जानिए कैसे उठाएं इसका लाभ?
Imphal Violence
Imphal Violence : इंफाल में फिर भड़की हिंसा की आग, नागा समुदाय के शव मिलने के बाद भारी आगजनी
Strait of Hormuz Inflation Crisis
Strait of Hormuz Inflation Crisis : स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संकट, वैश्विक तनाव से भारत में बढ़ सकती है महंगाई

ओरगाइ में भागवत कथा बनी सनातन की वैश्विक गूंज का साक्षी, विदेशी साध्वियों ने दी संस्कृत में प्रस्तुति

ओरगाइ में भागवत कथा बनी सनातन की वैश्विक गूंज का साक्षी, विदेशी साध्वियों ने दी संस्कृत में प्रस्तुति

सोनभद्र| ओरगाइ स्थित किन्नर अखाड़े की कथावाचक महामंडलेश्वर हेमलता सखी द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत कथा इन दिनों अंतरराष्ट्रीय आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। कथा के दौरान यूरोप से पधारे आचार्य आंद्रे ने अपने उद्बोधन में कहा कि “ऐसा कोई रहस्य नहीं जिसका उत्तर सनातन धर्म में न हो। मानवता का सार भी इसी में निहित है।”

इस अवसर पर रूस की साध्वी जूलिया और यूक्रेन की साध्वी याना ने हिंदी और संस्कृत में श्लोकों के माध्यम से शिव स्तुति और गुरुमहिमा प्रस्तुत की, जिससे श्रोता भावविभोर हो गए। संपूर्णानंद विश्वविद्यालय वाराणसी के प्रोफेसर डॉ लेखमणि त्रिपाठी ने अपने वक्तव्य में अफगानिस्तान में मिले एक प्राचीन विमान के मलबे का उल्लेख करते हुए कहा कि वह कोई सामान्य यान नहीं, बल्कि “माहेश्वर सूत्र” से संचालित होता था।

साहित्यकार विजय शंकर चतुर्वेदी ने सनातन धर्म के प्रति बढ़ते वैश्विक रुझान को भारत के विश्वगुरु बनने की दिशा में अहम कदम बताया। कथावाचिका महामंडलेश्वर हेमलता सखी ने कर्म के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि “ईश्वर के पास कोई दुःख नहीं होता, वह तो हमारे कर्मों की देन है।”

काशी से आए विद्वानों द्वारा लोकमंगल के लिए महायज्ञ कराया गया और अतिथियों को तिलक कर अंगवस्त्र भेंट किया गया। कार्यक्रम में पंडित शिशु त्रिपाठी, अशोक चौबे, सनोज तिवारी, श्रीकांत दुबे सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

कथा संयोजक अशोक चौबे ने बताया कि कथा 25 अप्रैल तक जारी रहेगी, जिसमें प्रतिदिन महायज्ञ, कथा, भंडारा और रासलीला का आयोजन किया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
राजस्थान में आज भी राबड़ी है पहली पसंद गर्मी में Hot Coffee से मिलती है ठंडक? स्किन ऑयली है? कलाई पर उंगली रखकर पहचानें हार्ट रिदम की समस्या सेहत के लिए कितना फायदेमंद है दलिया?