Headline
Raw Garlic Benefits
Raw Garlic Benefits : खाली पेट कच्चा लहसुन खाने से इम्यूनिटी, दिल और पाचन को मिल सकते हैं कई स्वास्थ्य लाभ
Ekadashi Vrat Story
Ekadashi Vrat Story : आखिर क्यों रखा जाता है एकादशी का व्रत? जानें देवी एकादशी के जन्म की कहानी
NEET Re-exam Result
NEET Re-exam Result: एनटीए मुख्यालय पहुंचे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, नीट परीक्षा और रिजल्ट पर दिया बड़ा अपडेट
PM Ujjwala Yojana
PM Ujjwala Yojana: उज्ज्वला योजना के नियमों में बड़ा बदलाव, अब साल में मिलेंगे केवल 4 सब्सिडी वाले सिलेंडर
PoK Violence
PoK Violence : PoK में निर्दोष नागरिकों पर गोलीबारी से भड़का भारत, अंतरराष्ट्रीय समुदाय से की कार्रवाई की मांग
India slams Pakistan in UNSC
India slams Pakistan in UNSC : UNSC में भारत ने पाकिस्तान को लताड़ा, अफगानिस्तान पर हवाई हमलों की कड़ी निंदा
Love Jihad UP Law
Love Jihad UP Law : लखनऊ में सीएम योगी का अब तक का सबसे बड़ा बयान, आक्रांताओं को दी खुली चेतावनी!
Kashi Shivling Park
Kashi Shivling Park : काशी में बनेगा दुनिया का सबसे ऊंचा शिवलिंग, जानें 100 करोड़ के शिव थीम पार्क की खूबियां
CID Reached Kalighat
CID Reached Kalighat : ममता बनर्जी की बढ़ीं मुश्किलें, कालीघाट दफ्तर पहुंची सीआईडी, अभिषेक बनर्जी को मिला नया नोटिस

West Bengal Politics : सौरव गांगुली का बड़ा खुलासा, ‘ममता बनर्जी या यूसुफ पठान से नहीं हुई बात’

West Bengal Politics

West Bengal Politics : भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज क्रिकेटर सौरव गांगुली ने अपने ऊपर लगे राजनीतिक संदेशवाहक (मीडियाएटर) होने के आरोपों पर पूरी तरह से चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने इन खबरों को सिरे से खारिज करते हुए आम जनता और मीडिया से अपील की है कि वे बिना तथ्यों की जांच किए किसी भी तरह की अफवाहों पर भरोसा न करें। दादा (सौरव गांगुली) ने इस बात पर गहरा दुख व्यक्त किया है कि बिना किसी पुख्ता सबूत या सत्यता की जांच किए उनके नाम को इस विवाद में घसीटा गया, जो कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

यूसुफ पठान को इस्तीफा देने के संदेश का सच

सौरव गांगुली ने पूरे मामले को स्पष्ट करते हुए कहा कि उनके और पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान के बीच इस विषय पर कभी कोई बातचीत नहीं हुई है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता बनर्जी ने उन्हें कभी भी यूसुफ पठान के पास कोई राजनीतिक संदेश लेकर जाने के लिए नहीं कहा था। गांगुली ने यह स्पष्ट कर दिया कि उन्होंने बहरामपुर के वर्तमान सांसद से इस्तीफे को लेकर न तो कोई संपर्क किया और न ही ऐसा कोई अजीबोगरीब अनुरोध उनके सामने रखा।

भवानीपुर चुनाव की हार और संसद जाने की अटकलें

इस पूरे विवाद की जड़ें पश्चिम बंगाल के पिछले विधानसभा चुनाव से जुड़ी हुई हैं, जहां मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भवानीपुर (और बाद में नंदीग्राम के चर्चित मुकाबले) के राजनीतिक घटनाक्रमों का सामना करना पड़ा था। वर्तमान में शुभेंदु अधिकारी से कड़े मुकाबले के बाद उपजे समीकरणों के कारण यह अफवाह तेजी से फैली कि ममता बनर्जी अब दिल्ली की राजनीति में कदम रखना चाहती हैं। मीडिया और राजनीतिक गलियारों में यह कयास लगाए जाने लगे कि ममता बनर्जी संसद जाने के लिए बहरामपुर की लोकसभा सीट खाली कराना चाहती हैं और इसके लिए उन्होंने सौरव गांगुली को अपना दूत बनाकर यूसुफ पठान के पास भेजा था, जिसे गांगुली ने पूरी तरह काल्पनिक बताया है।

पूर्व क्रिकेटर और बहरामपुर के वर्तमान सांसद यूसुफ पठान

यदि इस विवाद के दूसरे अहम किरदार यूसुफ पठान की बात करें, तो वह मूल रूप से गुजरात के रहने वाले हैं और भारतीय क्रिकेट टीम के बेहद आक्रामक ऑलराउंडर खिलाड़ी रह चुके हैं। क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद उन्होंने राजनीति की पिच पर कदम रखा और ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) के टिकट पर पश्चिम बंगाल की हाई-प्रोफाइल बहरामपुर लोकसभा सीट से चुनाव जीतकर संसद पहुंचे। वर्तमान में वे इसी क्षेत्र के निर्वाचित सांसद हैं और गांगुली के बयान के बाद उनके इस्तीफे से जुड़ी तमाम राजनीतिक चर्चाओं पर अब पूरी तरह विराम लग गया है।

Read More:  Team India T20 Squad : वैभव सूर्यवंशी की टीम इंडिया में धमाकेदार एंट्री, श्रेयस अय्यर संभालेंगे टी20 की कप्तानी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
स्किन ऑयली है? कलाई पर उंगली रखकर पहचानें हार्ट रिदम की समस्या सेहत के लिए कितना फायदेमंद है दलिया? नींबू पानी में भूलकर भी न डालें ये चीज क्या डायबिटीज में रोज जामुन खाना सही है?