Headline
NEET UG 2026 Re-exam
NEET UG 2026 Re-exam : नीट यूजी 2026 री-एग्जाम की तारीख घोषित, 21 जून को फिर होगी परीक्षा, पेपर लीक के बाद बड़ा फैसला
Petrol-Diesel Price
Petrol-Diesel Price : आम आदमी को लगा बड़ा झटका, रातों-रात बदल गए पेट्रोल और डीजल के दाम
Women Health :
Women Health : PCOS का नाम बदलकर हुआ PMOS, अब इस नए नाम से जानी जाएगी महिलाओं की यह बीमारी
Vastu Tips for Salt
Vastu Tips for Salt : क्या आप भी दूसरों से मांगते हैं नमक? जानिए इससे जुड़ा डरावना वास्तु दोष
Cuba Energy Crisis 2026
Cuba Energy Crisis 2026 : क्यूबा में ऊर्जा का महासंकट, ईंधन खत्म होने से अंधेरे में डूबा पूरा देश
NEET Paper Leak Case
NEET Paper Leak Case : NEET पेपर लीक मामले में तीन राज्यों से 7 गिरफ्तार, सुप्रीम कोर्ट पहुंची याचिका
Keralam CM News 2026
Keralam CM News 2026: कौन हैं केरल के नए मुख्यमंत्री सतीशन, जिन्होंने रेस में वेणुगोपाल को पीछे छोड़ा
Chandranath Rath Murder Case
Chandranath Rath Murder Case : सीबीआई जांच में 70 लाख की सुपारी का खुलासा, सिग्नल ऐप से रची गई साजिश
SIR Phase 3 India
SIR Phase 3 India : देशभर में शुरू होगा SIR का तीसरा चरण, 16 राज्यों में होगा स्वास्थ्य सर्वे

PM Modi Bengal Victory Speech : गंगोत्री से गंगासागर तक खिला कमल, बंगाल विजय पर पीएम मोदी का ऐतिहासिक संबोधन

PM Modi Bengal Victory Speech

PM Modi Bengal Victory Speech : पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और एनडीए की शानदार जीत के बाद देश की राजनीतिक फिजा बदल गई है। 4 मई 2026 की शाम दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय का नजारा किसी दिवाली से कम नहीं था। ढोल-नगाड़ों की थाप और ‘जय श्री राम’ व ‘वंदे मातरम्’ के उद्घोष के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने इस जीत को ‘साधना से सिद्धि’ का मार्ग बताया और इसे भारतीय लोकतंत्र की एक नई सुबह करार दिया।

सालों की साधना जब सिद्धि में बदली: पीएम का भावुक संबोधन

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण की शुरुआत कार्यकर्ताओं के परिश्रम को नमन करते हुए की। उन्होंने कहा, “आज का दिन ऐतिहासिक और अभूतपूर्व है। जब सालों की साधना सिद्धि में बदलती है, तो जो संतोष मिलता है, वह आज मैं देशभर के करोड़ों कार्यकर्ताओं के चेहरे पर देख रहा हूँ।” मोदी ने स्पष्ट किया कि यह जीत केवल चुनावी आंकड़ों की जीत नहीं है, बल्कि यह उन कार्यकर्ताओं के धैर्य की जीत है जिन्होंने दशकों तक बंगाल की गलियों में अपमान और हिंसा सहकर भी संगठन का झंडा थामे रखा। एक कार्यकर्ता के नाते प्रधानमंत्री ने खुद को इस जश्न का हिस्सा बताया।

गंगोत्री से गंगासागर तक भगवा: माँ गंगा का आशीर्वाद

पीएम मोदी ने एक साल पहले की अपनी भविष्यवाणी को याद करते हुए कहा कि उन्होंने कहा था कि गंगा बिहार से आगे बढ़कर गंगासागर तक जाती है। आज वह सपना सच हो गया है। उत्तराखंड से शुरू होकर उत्तर प्रदेश, बिहार और अब पश्चिम बंगाल तक—माँ गंगा के किनारे बसे सभी राज्यों में अब भाजपा और एनडीए की सरकार है। उन्होंने कहा कि गंगोत्री से गंगासागर तक अब केवल कमल ही कमल खिला है। प्रधानमंत्री ने इसे माँ गंगा का विशेष आशीर्वाद बताया और कहा कि यह संयोग नहीं है कि जिस काशी ने उन्हें बुलाया, आज उसी के प्रवाह वाले सभी प्रदेशों ने सुशासन को चुना है।

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को समर्पित जीत: बंगाल का गौरव लौटा

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा, “आज डॉ. मुखर्जी की आत्मा को कितनी शांति मिली होगी। उन्होंने 1951 में जो बीज बोया था, वह आज एक विशाल वटवृक्ष बन गया है।” मोदी ने याद दिलाया कि डॉ. मुखर्जी ने ही बंगाल को भारत का अभिन्न हिस्सा बनाए रखने के लिए सबसे बड़ी लड़ाई लड़ी थी। उन्होंने हर कार्यकर्ता को संदेश दिया कि ‘देश के लिए जीना और देश के लिए मरना’ ही हमारा एकमात्र संकल्प होना चाहिए। उनके अनुसार, यह जीत बंगाल के उसी खोये हुए स्वाभिमान की वापसी है।

वंदे मातरम् का 150वाँ वर्ष: बंगाल में नया सूर्योदय

प्रधानमंत्री ने एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए कहा कि यह जीत इसलिए भी खास है क्योंकि यह ‘वंदे मातरम्’ के 150वें वर्ष में आई है। उन्होंने कहा कि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय की इस पावन धरा को आज बंगाल के लोगों ने सादर नमन किया है। मोदी ने कड़े शब्दों में कहा कि बंगाल में हमारी महिला कार्यकर्ताओं ने जो अत्याचार सहे और कार्यकर्ताओं ने जो जुल्म झेले, आज यह जीत उन सभी के बलिदान का प्रतिफल है। उन्होंने घोषणा की कि 4 मई की शाम भले ढल रही हो, लेकिन बंगाल की धरती पर विकास और भयमुक्त वातावरण का एक नया सूर्योदय हो चुका है।

पुडुचेरी और असम: विकास की राजनीति पर जनता की मुहर

असम में लगातार तीसरी बार एनडीए की जीत को प्रधानमंत्री ने ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि माँ ब्रह्मपुत्र और माँ कामख्या का आशीर्वाद उन पर रहा है। विशेष रूप से टी-गार्डन क्षेत्रों में मिली बढ़त ने असम के विकास की रफ्तार को नई दिशा दी है। पुडुचेरी का जिक्र करते हुए मोदी ने कहा कि 2021 में ‘बेस्ट पुडुचेरी’ का जो विजन उन्होंने रखा था, जनता ने उस पर विश्वास जताया है। उन्होंने पुडुचेरी के मछुआरों और युवाओं को उज्ज्वल भविष्य का आश्वासन दिया और कहा कि एनडीए उनकी सेवा में कोई कमी नहीं छोड़ेगी।

‘मदर ऑफ डेमोक्रेसी’: भारत के लोकतंत्र की वैश्विक गूँज

प्रधानमंत्री ने बंगाल में हुए 93% मतदान को लोकतंत्र की सबसे उजली तस्वीर बताया। उन्होंने कहा कि चुनाव में महिलाओं की बढ़-चढ़कर भागीदारी यह दर्शाती है कि भारत वाकई ‘मदर ऑफ डेमोक्रेसी’ है। केवल विधानसभा ही नहीं, बल्कि महाराष्ट्र, गुजरात और त्रिपुरा के उपचुनावों में मिली जीत ने यह सिद्ध कर दिया है कि जनता का भरोसा अब केवल ‘परफॉर्मेंस की पॉलिटिक्स’ पर है। उन्होंने सुनेत्रा पवार की जीत का भी उल्लेख किया और जनता का आभार व्यक्त किया।

नितिन नवीन का मार्गदर्शन और गुड गवर्नेंस का मॉडल

संगठनात्मक मोर्चे पर प्रधानमंत्री ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि पद संभालने के बाद नवीन के लिए यह पहली बड़ी अग्निपरीक्षा थी और उनके कुशल मार्गदर्शन में कार्यकर्ताओं ने इतिहास रच दिया। मोदी ने गुजरात के स्थानीय निकाय चुनावों में मिले रिकॉर्ड वोट शेयर का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा की ‘गुड गवर्नेंस’ का मॉडल अब हर घर तक पहुँच चुका है। ‘नागरिक देवो भव’ के मंत्र के साथ पार्टी अब देश के 20 से ज्यादा राज्यों में जनता की सेवा कर रही है।

एक भारत-श्रेष्ठ भारत: भरोसे और भविष्य की उद्घोषणा

भाषण के समापन पर प्रधानमंत्री ने कहा कि आज का दिन देश के उज्ज्वल भविष्य की उद्घोषणा है। यह ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की भावना पर भरोसे का दिन है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे इस जीत के अहंकार में न डूबें, बल्कि और अधिक विनम्रता के साथ जनता की सेवा में जुट जाएं। मोदी ने दोहराया कि बंगाल अब भय से मुक्त हुआ है और विकास के भरोसे से युक्त हुआ है। यह जीत आने वाले समय में भारत को विश्व पटल पर और अधिक ऊंचाइयों पर ले जाने का मार्ग प्रशस्त करेगी।

Read More:  BJP Bengal Victory : ‘अंग-कलिंग’ के बाद अब बंगाल फतह, मोदी-शाह ने किया श्यामा प्रसाद मुखर्जी का अधूरा मिशन पूरा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top