Headline
Baba Bageshwar
Baba Bageshwar: धीरेंद्र शास्त्री का बड़ा ऐलान, हिंदू राष्ट्र के लिए नवरात्रि में निकालेंगे रथयात्रा
Asian Games 2026: हिमांशु ढिल्लों ने जीता सिल्वर, रुद्राक्ष पाटिल ने ब्रॉन्ज मेडल जीता, 10वें स्थान पर पहुंचा भारत
Insulin Resistance
Insulin Resistance : ब्लड शुगर बढ़ने का खतरा कैसे करें कम, इंसुलिन रेजिस्टेंस सुधारने के तरीके जानें
Pitru Paksha 2026
Pitru Paksha 2026: कौआ श्राद्ध का भोजन न खाए तो क्या करें? जानें पितरों को प्रसन्न करने के उपाय
Houthi Attack: सऊदी अरब में हूती हमलों से बढ़ा खतरा, 9 देशों में STEP अलर्ट; अमेरिका की एडवाइजरी
Varanasi News: यूपी ATS के साथ मुठभेड़ में 30 लाख का इनामी नक्सली कमांडर बृजेश गंझू ढेर
Kiren Rijiju Reaction : हामिद अंसारी के बयान पर भड़के किरेन रिजिजू, अलगाववादियों को लेकर पूछा बड़ा सवाल
Asian Games 2026
Asian Games 2026: भारत ने खोला मेडल खाता, महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम ने जीता सिल्वर
Sleep Deprivation
Sleep Deprivation: 6–8 घंटे से कम सोने पर शरीर और दिमाग में क्या होता है? जानिए डॉक्टर की सलाह

FIFA World Cup 2026 : नीदरलैंड्स से ड्रा के बाद जापान कोच नाराज, उठाए सवाल

FIFA World Cup 2026

FIFA World Cup 2026 :  फीफा वर्ल्ड कप 2026 के एक बेहद रोमांचक मुकाबले में जापान ने शानदार जुझारूपन दिखाते हुए नीदरलैंड्स को 2-2 की बराबरी पर रोक दिया। पूरे मैच के दौरान जापानी टीम दो बार पिछड़ चुकी थी, लेकिन उसने हार नहीं मानी और अंततः मैच ड्रा कराने में सफल रही। इस जुझारू प्रदर्शन के बावजूद, जापान के मुख्य कोच हाजिमे मोरियासु इस नतीजे से पूरी तरह संतुष्ट नजर नहीं आए। मैच समाप्त होने के बाद कोच मोरियासु ने मीडिया के सामने अपनी बात रखी और यह पूरी तरह साफ कर दिया कि उनकी ‘समुराई ब्लू’ टीम का एकमात्र लक्ष्य इस मैच से पूरे 3 अंक हासिल करना था, न कि सिर्फ एक अंक पर संतोष करना।

दिग्गजों की चोट और पहले हाफ़ में लय की कमी

जापान की फुटबॉल टीम ने हाल के दिनों में वैश्विक स्तर पर काफी सुर्खियां बटोरी हैं। उन्होंने इंग्लैंड और ब्राजील जैसी दुनिया की सबसे मजबूत और दिग्गज टीमों को हराकर अपनी ताकत का लोहा मनवाया है। इतना ही नहीं, पिछले वर्ल्ड कप में भी उन्होंने जर्मनी जैसी पूर्व चैंपियन टीम को हराकर फुटबॉल जगत को स्तब्ध कर दिया था। यही वजह थी कि नीदरलैंड्स के खिलाफ पहले हाफ में उनका फीका प्रदर्शन देखकर प्रशंसकों को काफी हैरानी हुई। आमतौर पर जापान को उनकी आक्रामक और तेज तर्रार फुटबॉल शैली के लिए जाना जाता है, लेकिन टेक्सास के मैदान पर पहले हाफ में वह जानी-पहचानी लय पूरी तरह गायब दिखी। टीम को ताकुमी मिनामिनो और काओरू मितोमा जैसे बड़े और अनुभवी खिलाड़ियों की चोट के कारण बाहर होने का भी नुकसान उठाना पड़ा, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गईं।

दूसरे हाफ़ का रोमांच और वैन डाइक का पहला गोल

हाफ टाइम के ब्रेक के बाद जब दोनों टीमें मैदान पर लौटीं, तो खेल की रफ्तार में अचानक बड़ा बदलाव देखने को मिला। मैच के 51वें मिनट में नीदरलैंड्स की ‘ऑरेंज आर्मी’ ने जापान की रक्षापंक्ति (डिफेंस) की एक बड़ी गलती का भरपूर फायदा उठाते हुए मैच में 1-0 की बढ़त बना ली। डच कप्तान वर्जिल वैन डाइक ने दाईं छोर से आए एक सटीक और बेहतरीन क्रॉस को भांपते हुए शानदार हेडर लगाया और गेंद को गोलपोस्ट के अंदर डाल दिया। उस वक्त जापान का कोई भी डिफेंडर या गोलकीपर वैन डाइक के उस अचूक शॉट को रोकने में कामयाब नहीं हो सका।

कुबो का जादुई पास और नाकामुरा का बराबरी वाला शॉट

शुरुआती गोल खाने के बाद जापानी टीम दबाव में नहीं आई, बल्कि उसने जवाबी हमला और तेज कर दिया। पहली बार पिछड़ने के ठीक छह मिनट बाद, यानी 57वें मिनट में जापान ने मैच में जोरदार वापसी की। स्टार खिलाड़ी ताकेफुसा कुबो ने विरोधी टीम के डी-बॉक्स के भीतर कीटो नाकामुरा की तरफ एक बेहद खूबसूरत और सटीक पास बढ़ाया। नाकामुरा ने बिना कोई गलती किए बड़ी ही चतुरता से गेंद को अपने नियंत्रण में लिया और डच गोलकीपर बर्ट वर्ब्रुगेन को पूरी तरह छकाते हुए एक बेहतरीन लो शॉट खेलकर गेंद को नेट में डाल दिया। इस गोल के साथ ही जापान ने स्कोर 1-1 से बराबर कर दिया।

सोमरविले का दोबारा प्रहार और ओगावा का अंतिम ट्विस्ट

जापान के खेमे में बराबरी की यह खुशी ज्यादा देर तक नहीं टिक सकी। नीदरलैंड्स की टीम ने एक बार फिर आक्रामक रुख अपनाया और 64वें मिनट में क्रेसेनियो सोमरविले के गोल की बदौलत मैच में 2-1 की बढ़त बना ली। सोमरविले जापानी बॉक्स के अंदर तेजी से घुसे, वहां मुस्तैद एक डिफेंडर को अपनी ड्रिब्लिंग से चकमा दिया, और अपने बाएं पैर से एक सटीक लो शॉट लगाकर गेंद को सीधे जाला चूमने के लिए भेज दिया। जब स्टेडियम में मौजूद सभी दर्शकों को लगने लगा था कि डच टीम तीन अंकों के साथ मैदान छोड़ेगी, तभी मैच में असली ट्विस्ट आया। 88वें मिनट में सब्सटिट्यूट खिलाड़ी के रूप में आए कोकी ओगावा ने एक जादुई हेडर के जरिए गोल दागकर जापान को 2-2 की बराबरी दिला दी। इसके साथ ही डलास का यह मैदान दोनों टीमों के बीच एक-एक अंक के बंटवारे के साथ समाप्त हुआ।

कोच मोरियासु का बयान और ट्यूनीशिया के खिलाफ अगला मुकाबला

मैच खत्म होने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोच हाजिमे मोरियासु ने अपने खिलाड़ियों के जज्बे की तारीफ करते हुए कहा कि नीदरलैंड्स एक बेहद मजबूत और विश्व स्तरीय टीम है। उन्होंने कहा, “हम मैच में दो बार पीछे चल रहे थे, लेकिन मेरे लड़कों ने आखिरी मिनट तक हिम्मत नहीं हारी और डटकर मुकाबला किया। मुझे उनके इस रवैये पर बेहद गर्व है।” हालांकि, ड्रा के कारण अंक गंवाने की निराशा उनके चेहरे पर साफ दिख रही थी। उन्होंने आगे कहा, “हम यहां सिर्फ एक पॉइंट हासिल करने के इरादे से नहीं उतरे थे। हमारा लक्ष्य जीत दर्ज करना था, इसलिए थोड़ी निराशा होना स्वाभाविक है। लेकिन भारी दबाव के बीच भी फुटबॉलरों ने अपना धैर्य बनाए रखा और बेहतरीन मौके बनाए।” अब वर्ल्ड कप के ग्रुप F में जापान का अगला मुकाबला 20 जून को ट्यूनीशिया के खिलाफ होना तय है।

Read More  :  FIFA World Cup 2026 : फीफा वर्ल्ड कप 2026 आज से शुरू, भारत में यहाँ देखें लाइव मैच और स्ट्रीमिंग

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
फेस्टिव सीजन में छाना है तो शहनाज गिल का ये सूट लुक जरूर देखें रसीली नाशपाती के ये फायदे नहीं जानते होंगे आप, डाइट में करें शामिल कॉफी पीने का सही तरीका क्या है? जानिए दिन में कितने कप हैं सुरक्षित दूध से घर पर तैयार करें अलग-अलग तरह के चीज़, अपनाएं ये आसान तरीके क्या आप सही, तरीके से करते हैं चेहरे पर ब्लीच? जानिए आसान टिप्स