Jahangir Khan Parade : पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के जिस इलाके में कभी तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कद्दावर नेता जहांगीर खान का एकछत्र दबदबा और खौफ माना जाता था, वहां से अब एक बिल्कुल हैरान करने वाली तस्वीर सामने आई है। कानूनी शिकंजे में कसने और गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने जहांगीर खान को हाफ पैंट पहनाकर सरेआम सड़कों पर पैदल घुमाया। इस वाकये का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बेहद तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि भारी पुलिस सुरक्षा के बीच कभी रसूखदार रहा यह नेता बेहद लाचार स्थिति में सड़क पर पैदल चल रहा है। यह नजारा उनकी उस पुरानी छवि से बिल्कुल उलट है, जिसमें उनका रसूख और राजनीतिक दबदबा हमेशा चर्चा के केंद्र में रहता था।
भारत-नेपाल सीमा पर चला बड़ा ऑपरेशन
कानून की नजरों से बचकर भाग रहे जहांगीर खान को सुरक्षा एजेंसियों ने एक गुप्त सूचना के आधार पर उत्तरी बंगाल के पानीटंकी इलाके से गिरफ्तार किया था, जो भारत और नेपाल की अंतरराष्ट्रीय सीमा के बेहद करीब स्थित है। गौरतलब है कि जहांगीर खान ने हाल ही में संपन्न हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में फाल्टा विधानसभा सीट से टीएमसी के टिकट पर किस्मत आजमाई थी, लेकिन उन्हें इस चुनाव में सफलता नहीं मिल सकी। इस सीट पर 21 मई को दोबारा मतदान (उपचुनाव) होना तय हुआ था, परंतु मतदान से ठीक कुछ दिन पहले से ही जहांगीर अचानक अपने निर्वाचन क्षेत्र से लापता हो गए थे और तभी से पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी।
अदालत से लगा तगड़ा झटका
जहांगीर खान को गिरफ्तार करने के बाद जब डायमंड हार्बर की स्थानीय अदालत में पेश किया गया, तो सरकारी पक्ष के वकीलों ने उनकी कड़ी रिमांड की मांग की। कोर्ट ने फाल्टा पुलिस थाने में दर्ज कुल सात अलग-अलग प्राथमिकियों (FIR) के सिलसिले में गंभीरता दिखाते हुए जहांगीर खान को पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश जारी कर दिया। इससे पहले, जहांगीर खान को कानूनी राहत की उम्मीद तब टूटी जब कलकत्ता उच्च न्यायालय ने 26 मई को उनकी याचिका पर सुनवाई करते हुए उन्हें मिला अंतरिम संरक्षण पूरी तरह से हटा दिया था। संरक्षण हटते ही दक्षिण 24 परगना जिले की पुलिस ने उन पर चौतरफा शिकंजा कस दिया था।
‘पुष्पा’ डायलॉग पर गरमाई सूबे की सियासत
जहांगीर खान का यह मामला उस समय पूरे पश्चिम बंगाल की राजनीति में गरमा गया था, जब उन्होंने ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘पुष्पा: द राइज़’ का मशहूर डायलॉग “झुकेगा नहीं” बोलकर पुलिस प्रशासन को खुली चुनौती दे दी थी। दरअसल, उपचुनाव की घोषणा के बाद केंद्रीय सुरक्षा बलों और स्थानीय पुलिस की एक संयुक्त टीम ने जहांगीर के आवास पर भारी छापेमारी की थी। इस बड़ी कार्रवाई का नेतृत्व उत्तर प्रदेश के प्रयागराज के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त और पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए पुलिस पर्यवेक्षक बनाए गए तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा कर रहे थे।
इस छापेमारी के बाद जहांगीर खान ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि अगर वह पुलिस अधिकारी खुद को ‘शेर’ समझता है, तो वह भी ‘पुष्पा’ हैं और वह चुनाव आयोग के इस कथित पक्षपाती रवैये के आगे कभी नहीं झुकेंगे। हालांकि, अब उनकी गिरफ्तारी और इस वायरल वीडियो ने उनके इस सियासी रसूख की हवा निकाल दी है।
Read More : Bihar MLC Election : बिहार विधान परिषद की 10 सीटों पर निर्विरोध चुनाव, NDA का दबदबा कायम
