Headline
DUSU Result 2026 : DUSU चुनाव में ABVP का परचम, किरेन रिजिजू ने विजेताओं को दी बधाई
Amit Shah Health
Amit Shah Health : अमित शाह की बिगड़ी तबीयत, हुबली कार्यक्रम से रहे दूर, प्रह्लाद जोशी ने दिया अपडेट
NGT Conference
NGT Conference : भारत के कार्बन उत्सर्जन पर PM मोदी का बड़ा बयान, विकसित देशों का आंकड़ा चौंकाएगा
Disha Salian Case : दिशा सालियान केस में CCTV पर बड़ा दावा, फडणवीस गवाह और वकील के कई खुलासे
Dengue Vaccine 2027
Dengue Vaccine 2027 : भारत में 2027 में आएगी पहली डेंगू वैक्सीन QDENGA, बच्चों और वयस्कों को लगेगी
Vitamin Timing
Vitamin Timing : कैल्शियम और जिंक साथ लें या अलग, जानें सप्लीमेंट लेने के जरूरी नियम और तरीका
Tulsi Mala and Rudraksha
Tulsi Mala and Rudraksha: क्या दोनों एक साथ पहनना सही है? जानें धार्मिक मान्यताएं और जरूरी नियम
Moody's GDP Forecast
Moody’s GDP Forecast : मूडीज ने भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान बढ़ाकर किया 7 फीसदी, IMF-RBI से आगे
Mohan Bhagwat on Gen Z
Mohan Bhagwat on Gen Z: Gen Z से मोहन भागवत ने धर्म पर क्यों पूछा सवाल, जानिए उन्होंने क्या कहा

Temple Mosque Dispute : ज्ञानवापी, श्रीकृष्ण जन्मभूमि और संभल विवाद पर समझौते की कोशिश नाकाम , दोनों पक्षों ने किया इनकार

Temple Mosque Dispute

Temple Mosque Dispute : देश के चर्चित धार्मिक स्थलों—वाराणसी की ज्ञानवापी मस्जिद, मथुरा की शाही ईदगाह और संभल की जामा मस्जिद को लेकर चल रहे विवादों में सुप्रीम कोर्ट द्वारा की गई मध्यस्थता की पहल को फिलहाल झटका लगा है। शीर्ष अदालत ने इन जटिल मामलों को ‘लोक अदालत’ के माध्यम से बातचीत द्वारा सुलझाने का प्रस्ताव रखा था, ताकि आपसी सहमति से समाधान निकल सके। इसके लिए 21 से 23 अगस्त के बीच ‘समाधान समारोह’ आयोजित किया जा रहा है, जिसमें देश भर के लंबित मुकदमों के निपटारे की योजना है। हालांकि, मंदिर और मस्जिद, दोनों पक्षों ने इस प्रस्ताव पर असहमति जताई है। पक्षकारों का स्पष्ट मानना है कि इन मामलों में कानून के जटिल प्रश्न और ऐतिहासिक तथ्य शामिल हैं, जिन्हें केवल आपसी बातचीत से हल नहीं किया जा सकता, इसलिए कोर्ट में ही सुनवाई होना उचित है।

ज्ञानवापी मस्जिद विवाद: तहखाने की प्रार्थना से औरंगजेब तक का सफर

ज्ञानवापी का मुद्दा वाराणसी स्थित परिसर के धार्मिक स्वरूप को लेकर लंबे समय से अदालत में चल रहा है। हिंदू पक्ष का दावा है कि 1993 तक इस परिसर के तहखाने में हिंदू प्रार्थनाएं की जाती थीं, जिसे सोमनाथ व्यास का परिवार नियमित रूप से करता था। दूसरी ओर, मुस्लिम पक्ष इस दावे को सिरे से खारिज करता है और परिसर पर मुस्लिम समुदाय के अनवरत अधिकार का तर्क देता है। मुख्य विवाद इस बात पर केंद्रित है कि क्या औरंगजेब के काल में प्राचीन मंदिर को तोड़कर मस्जिद बनाई गई थी, जैसा कि हिंदू पक्ष का आरोप है। इसके विपरीत, मुस्लिम पक्ष का कहना है कि मस्जिद औरंगजेब के शासनकाल से भी पुरानी है और समय के साथ हुए बदलावों को मस्जिद का स्वरूप माना जाए।

मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद: ईदगाह की जगह पर मंदिर का दावा

मथुरा का विवाद श्री कृष्ण जन्मभूमि और उससे सटी शाही ईदगाह मस्जिद की संरचना को लेकर है। हिंदू पक्ष ने दीवानी अदालत में याचिका दायर कर दावा किया है कि शाही ईदगाह मस्जिद का निर्माण भगवान श्री कृष्ण की जन्मभूमि की पवित्र भूमि पर किया गया है। भगवान श्री कृष्ण विराजमान और उनके भक्तों द्वारा दायर इस मुकदमे में मस्जिद को वहां से हटाने की मांग की गई है। हिंदू पक्ष के अनुसार, स्थल पर ऐसे कई पुरातात्विक साक्ष्य हैं जो उसे प्राचीन मंदिर होने का संकेत देते हैं। वर्ष 2020 में पूजा स्थल अधिनियम, 1991 का हवाला देते हुए एक दीवानी अदालत ने इस याचिका को खारिज कर दिया था, लेकिन बाद में मथुरा जिला अदालत में अपील के बाद इस फैसले को पलट दिया गया, जिससे यह कानूनी लड़ाई फिर से तेज हो गई है।

संभल की जामा मस्जिद: सर्वे का आदेश और भड़की हिंसा

संभल का मामला भी इसी तरह की कानूनी पेचीदगियों में घिरा हुआ है। 19 नवंबर, 2024 को संभल की एक सिविल अदालत ने शाही जामा मस्जिद के सर्वे के लिए एक अधिवक्ता आयुक्त नियुक्त करने का निर्देश दिया था। इस सर्वे के आदेश के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और 24 नवंबर को चंदौसी कस्बे में सर्वे टीम के पहुंचने पर भयंकर हिंसा भड़क उठी। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुई पत्थरबाजी और आगजनी में कथित तौर पर चार लोगों की मौत हो गई। इन हिंसक घटनाओं ने विवाद को और अधिक संवेदनशील बना दिया है, जिससे यह साफ है कि इन धार्मिक स्थलों के मुद्दों पर संवेदनशीलता बहुत अधिक है और सभी पक्ष कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से ही कोई अंतिम समाधान चाहते हैं।

Read More :  Kolkata Airport Mosque : कोलकाता एयरपोर्ट की 136 साल पुरानी मस्जिद में एंट्री बंद, सुरक्षा कारणों से लिया गया बड़ा फैसला

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
कॉफी पीने का सही तरीका क्या है? जानिए दिन में कितने कप हैं सुरक्षित दूध से घर पर तैयार करें अलग-अलग तरह के चीज़, अपनाएं ये आसान तरीके क्या आप सही, तरीके से करते हैं चेहरे पर ब्लीच? जानिए आसान टिप्स वडनगर की गलियों से देश की सर्वोच्च सत्ता तक, पीएम मोदी की खास राजनीतिक यात्रा विश्वकर्मा पूजा की तैयारी कर रहे हैं? जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आसान पूजन विधि