Headline
Iron Deficiency in Men
Iron Deficiency in Men : पुरुषों में आयरन की कमी के 6 संकेत, जानिए कब हो जाएं सावधान
Dhanteras Puja Muhurat
Dhanteras Puja Muhurat : धनतेरस पर शाम को इस शुभ मुहूर्त में करें पूजा, जानें क्या है खास धार्मिक महत्व
Hardeep Singh Puri
Hardeep Singh Puri मध्य प्रदेश से राज्यसभा पहुंचे, कांग्रेस की आपत्तियां खारिज, निर्विरोध जीत दर्ज
Agniveer Scheme New Rules: अग्निवीरों को मिलेगा दो साल एक्सटेंशन, शादी की अनुमति पर भी विचार
CAIT Protest
CAIT Protest: राहुल गांधी को व्यापारियों की चेतावनी, देशभर में मनाया जाएगा धिक्कार दिवस
Supreme Court Arrest Verdict
Supreme Court Arrest Verdict : सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, पुलिस हिरासत के 24 घंटे नियम पर बदला कानून
Chirag Paswan
Chirag Paswan: चिराग पासवान ने फिर दिखाई बगावती तेवर, BJP पर उठाए सवाल
Kiren Rijiju Rahul Gandhi
Kiren Rijiju Rahul Gandhi: राहुल गांधी को रिजिजू की सात शर्तें, बोले- कांग्रेस ज्यादा सांसद जिताना चाहती है तो
Child Swallowed Object : बच्चे ने निगल ली बैटरी या सिक्का? तुरंत अपनाएं ये जरूरी कदम

Sikkim Tunnel Collapse: नामची सुरंग हादसे में 20 मजदूरों की मौत, राहत अभियान जारी

Sikkim Tunnel Collapse

Sikkim Tunnel Collapse:  सिक्किम के नामची जिले में स्थित नेशनल हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर कॉरपोरेशन (NHPC) की तीस्ता चरण-6 जलविद्युत परियोजना में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। परियोजना के तहत निर्माणाधीन सुरंग के अचानक ध्वस्त होने से कई श्रमिक इसकी चपेट में आ गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस दुर्घटना में कम से कम 20 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य श्रमिक लंबे समय तक सुरंग के भीतर फंसे रहे। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और प्रशासन ने तुरंत राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया।

हेड रेस टनल में हुआ हादसा

जानकारी के मुताबिक यह दुर्घटना दक्षिण सिक्किम के समरडुंग क्षेत्र में स्थित हेड रेस टनल (HRT) के भीतर हुई। बताया जा रहा है कि 20 जुलाई की दोपहर करीब एक बजे सुरंग के अंदर चट्टानों के बीच मौजूद संदिग्ध मीथेन गैस अचानक तेजी से बाहर निकली। इसके बाद जोरदार धमाका हुआ, जिससे सुरंग के ऊपरी हिस्से में भूस्खलन हो गया। कुछ ही क्षणों में सुरंग का बड़ा हिस्सा धुएं, धूल और गैस से भर गया, जिससे अंदर काम कर रहे श्रमिकों के लिए बाहर निकलना बेहद कठिन हो गया।

हादसे के समय सुरंग में मौजूद थे 27 मजदूर

दुर्घटना के समय सुरंग के भीतर कुल 27 श्रमिक कार्य कर रहे थे। विस्फोट और सुरंग ध्वस्त होने के बाद सभी मजदूर अंदर ही फंस गए। घटना की सूचना मिलते ही एनएचपीसी की तकनीकी टीमों, स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आपदा राहत एजेंसियों ने मौके पर पहुंचकर बचाव अभियान शुरू किया। राहत दल लगातार सुरंग के भीतर सुरक्षित रास्ता बनाने और फंसे हुए श्रमिकों तक पहुंचने का प्रयास कर रहे हैं।

युद्ध स्तर पर जारी है राहत और बचाव अभियान

हादसे के बाद एनएचपीसी का वरिष्ठ प्रबंधन भी मौके पर पहुंच गया है और बचाव कार्यों की लगातार निगरानी कर रहा है। भारी मशीनों और विशेष तकनीकी उपकरणों की मदद से सुरंग में मलबा हटाने का कार्य जारी है। बचाव दल गैस के स्तर की निगरानी करते हुए सुरक्षित तरीके से अंदर पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं, ताकि फंसे हुए श्रमिकों को जल्द से जल्द बाहर निकाला जा सके। प्रशासन ने पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में लेकर राहत अभियान तेज कर दिया है।

मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग ने जताया शोक

इस दुखद घटना पर सिक्किम के मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतक श्रमिकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए राज्य सरकार की ओर से आर्थिक सहायता की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक श्रमिक के परिवार को 4-4 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी, जबकि घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने प्रशासन को राहत कार्यों में किसी भी प्रकार की कमी नहीं रखने के निर्देश दिए हैं।

प्रधानमंत्री ने भी घोषित की आर्थिक सहायता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से सहायता राशि देने की घोषणा की है। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक मृतक के परिजनों को 2 लाख रुपये तथा घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। केंद्र सरकार ने भी स्थानीय प्रशासन और बचाव एजेंसियों को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया है।

फंसे श्रमिकों को सुरक्षित निकालना सबसे बड़ी प्राथमिकता

फिलहाल प्रशासन और बचाव दल का पूरा ध्यान सुरंग के भीतर फंसे श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने पर केंद्रित है। विशेषज्ञों की निगरानी में लगातार राहत अभियान चलाया जा रहा है और सुरंग के भीतर की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। पूरे देश की निगाहें इस बचाव अभियान पर टिकी हैं और उम्मीद की जा रही है कि शेष फंसे हुए श्रमिकों को जल्द सुरक्षित बाहर निकाल लिया जाएगा। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील भी की है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
धनतेरस पर खरीदारी के लिए बन रहे खास योग, जानें शुभ चौघड़िया 38 साल के हुए विराट कोहली, जानिए उनके करियर की 8 बड़ी उपलब्धियां इस दिवाली बाजार जैसे खूबसूरत दिखेंगे घर के दीये मिट्टी के दीयों से क्यों रोशन करते हैं घर? जानें इसका महत्व गुलमर्ग से औली तक, न्यू ईयर पर इन जगहों का करें दीदार