Headline
Agniveer News
Agniveer News : अग्निवीरों को दिवाली का तोहफा, अब नियमित सैनिक बनने का मिलेगा अतिरिक्त मौका
PM Modi Diwali Wishes 2026
PM Modi Diwali Wishes 2026 : दिवाली पर PM मोदी ने देशवासियों को दी बधाई, जवानों संग मनाएंगे त्योहार, अयोध्या में भव्य दीपोत्सव
Ayodhya Deepotsav 2026
Ayodhya Deepotsav 2026 :  अयोध्या में दीपोत्सव की धूम, CM योगी ने की आरती, लाखों दीयों से जगमगाई रामनगरी
Ghaziabad Police Chowki Blast
Ghaziabad Police Chowki Blast : गाजियाबाद पुलिस चौकी धमाका, ‘गाजी 2’ अकाउंट के दावे से मचा हड़कंप, ATS जांच में जुटी
Weight Loss
Weight Loss: वजन घटाने के लिए प्रोटीन क्यों है जरूरी, जानिए इसके फायदे और सही मात्रा
Diwali 2026
Diwali 2026: दिवाली की रात कितने दीपक जलाएं, जानिए घर की किन जगहों पर रखना है शुभ
CBSE Board Exam 2027 Date Sheet OUT, 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं फरवरी से शुरू
Nishikant Dubey Statement : निशिकांत दुबे ने नेहरू पर साधा निशाना
ECMS Scheme 2026 : भारत में इलेक्ट्रॉनिक्स क्रांति की तैयारी, 118 नई यूनिट्स से बढ़ेंगे रोजगार और घटेगा आयात

Japan Earthquake: 6.8 तीव्रता के झटके, मॉल ढहा, 50+ लोग फंसे, बड़े स्तर पर रेस्क्यू जारी

Japan Earthquake

Japan Earthquake:  जापान के दक्षिणी कुमामोटो प्रांत में मंगलवार को आए 6.8 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप ने व्यापक दहशत फैला दी। तेज झटकों के कारण कई इलाकों में लोग घरों और कार्यालयों से बाहर निकल आए। सबसे अधिक नुकसान काशिमा शहर में देखने को मिला, जहां एक बड़े शॉपिंग मॉल की दूसरी मंजिल अचानक ढह गई। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार मलबे के नीचे 50 से अधिक लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचकर लोगों को सुरक्षित निकालने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि कई घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।

जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने दी भूकंप की जानकारी

जापान मौसम विज्ञान एजेंसी (JMA) के अनुसार, भूकंप स्थानीय समयानुसार शाम 4:27 बजे दर्ज किया गया। इसका केंद्र धरती की सतह से लगभग 10 किलोमीटर नीचे था, जिसके कारण झटके काफी तेज महसूस किए गए। शुरुआत में एजेंसी ने समुद्री क्षेत्रों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की थी, लेकिन हालात की समीक्षा करने के बाद करीब एक घंटे के भीतर इस चेतावनी को वापस ले लिया गया। अधिकारियों ने लोगों से सतर्क रहने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।

लाखों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह

भूकंप के बाद प्रशासन ने एहतियात के तौर पर क्यूशू द्वीप के लगभग 1.5 लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों और राहत शिविरों में जाने का निर्देश दिया। स्थानीय प्रशासन ने स्कूलों, सामुदायिक भवनों और अन्य सुरक्षित स्थानों को अस्थायी राहत केंद्रों में बदल दिया है। प्रभावित क्षेत्रों में बिजली, पानी और संचार सेवाओं पर भी असर पड़ा है, जिसके चलते राहत एजेंसियां लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।

सड़कों, पुलों और इमारतों को हुआ भारी नुकसान

राष्ट्रीय प्रसारक NHK द्वारा प्रसारित तस्वीरों में भूकंप से हुए नुकसान की गंभीर तस्वीर सामने आई है। कई प्रमुख सड़कों और पुलों में बड़ी दरारें दिखाई दीं, जबकि कुछ इमारतों में आग लगने की घटनाएं भी सामने आईं। कई व्यावसायिक और आवासीय भवनों को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन की टीमें लगातार प्रभावित इलाकों का सर्वे कर रही हैं ताकि नुकसान का सही आकलन किया जा सके और आवश्यक सहायता जल्द से जल्द उपलब्ध कराई जा सके।

परमाणु संयंत्र की सुरक्षा पर विशेष निगरानी

भूकंप के बाद जापान की न्यूक्लियर रेगुलेशन अथॉरिटी ने तत्काल परमाणु संयंत्रों की सुरक्षा की समीक्षा शुरू की। एजेंसी ने अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) को जानकारी दी कि सेंदाई परमाणु ऊर्जा संयंत्र पूरी तरह सुरक्षित है और वहां किसी प्रकार के नुकसान की सूचना नहीं मिली है। IAEA ने भी अपने आधिकारिक बयान में कहा कि वह जापान की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और संबंधित एजेंसियों के संपर्क में है।

फुकुशिमा हादसे के बाद बढ़ी सतर्कता

साल 2011 में आए 9.1 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप और उसके बाद आई सुनामी ने फुकुशिमा दाइची परमाणु संयंत्र में गंभीर परमाणु दुर्घटना को जन्म दिया था। उस हादसे के बाद जापान ने अपने परमाणु सुरक्षा मानकों को और अधिक मजबूत किया। इसी वजह से अब हर बड़े भूकंप के बाद परमाणु संयंत्रों की तुरंत जांच की जाती है ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते निपटा जा सके।

राहत और बचाव के लिए सैनिकों की तैनाती

जापान की प्रधानमंत्री साने ताकइची ने बताया कि कुमामोटो और आसपास के प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिया गया है। अब तक करीब 3,600 सैन्यकर्मियों को प्रभावित इलाकों में तैनात किया जा चुका है। इसके अलावा जापान सेल्फ डिफेंस फोर्स के 300 अतिरिक्त जवानों को भी राहत अभियान में शामिल किया जा रहा है। ये जवान स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर मलबे में फंसे लोगों को निकालने, राहत सामग्री पहुंचाने और प्रभावित परिवारों की हरसंभव सहायता करने में जुटे हैं।

प्रधानमंत्री ने जताई संवेदना, नुकसान का आकलन जारी

प्रधानमंत्री साने ताकइची ने भूकंप से प्रभावित लोगों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार हर पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है। उन्होंने बताया कि कई इलाकों में बड़े पैमाने पर नुकसान की पुष्टि हो चुकी है और स्थिति का लगातार आकलन किया जा रहा है। सरकार ने सभी संबंधित एजेंसियों को राहत कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं ताकि प्रभावित लोगों तक जल्द से जल्द सहायता पहुंचाई जा सके और सामान्य स्थिति बहाल की जा सके।

Read More : Uri Mine Blast: LoC के पास धमाका, सेना के 2 जवान घायल; सुरक्षा बढ़ाई गई

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top
धनतेरस पर खरीदारी के लिए बन रहे खास योग, जानें शुभ चौघड़िया 38 साल के हुए विराट कोहली, जानिए उनके करियर की 8 बड़ी उपलब्धियां इस दिवाली बाजार जैसे खूबसूरत दिखेंगे घर के दीये मिट्टी के दीयों से क्यों रोशन करते हैं घर? जानें इसका महत्व गुलमर्ग से औली तक, न्यू ईयर पर इन जगहों का करें दीदार